Ticker

6/recent/ticker-posts

Header Ads Widget

कोविड-19 के उपचार के लिए ग्लेनमार्क फार्मास्युटिकल्स कम्पनी ने बनाई पहली मौखिक फेविपिरविर अनुमोदित दवा

कोविड-19 के उपचार के लिए ग्लेनमार्क फार्मास्युटिकल्स कम्पनी ने बनाई पहली मौखिक फेविपिरविर अनुमोदित दवा
हिमाचल प्रदेश के बद्दी में किया जा रहा टैबलट का उत्पादन
नई दिल्ली 21 जून,प्रवीण शर्मा
जहां कोरोना वायरस से पूरी दुनिया पीड़ित है ओर उसके निदान के लिए सभी देश वैक्‍सीन और दवा खोजने में लगे है, ऐसे में भारत ने बहुत बड़ी उपलब्धि हासिल की है। ग्लेनमार्क फार्मास्युटिकल्स ने कोविड-19 से मामूली और मध्यम रूप से पीड़ित मरीजों के इलाज के लिए एंटीवायरल दवा फेविपिरविर को फैबिफ्लू ब्रांड नाम से पेश किया है। मुंबई की कंपनी ने कहा कि उसे भारतीय औषधि महानियंत्रक (डीजीसीआइ) से इस दवा के विनिर्माण और विपणन की अनुमति मिल गई है। यह दवा लगभग 103 रुपये प्रति टैबलेट की दर से बाजार में उपलब्ध होगी। कंपनी ने कहा कि फैबिफ्लू कोविड-19 के इलाज के लिए पहली खाने वाली फेविपिरविर दवा है, जिसे मंजूरी मिली है।

ग्लेनमार्क फार्मास्युटिकल्स ने कहा कि यह दवा 34 टैबलेट की स्ट्रिप के लिए 3,500 रुपये के अधिकतम खुदरा मूल्य (एमआरपी) पर 200 मिलीग्राम टैबलेट के रूप में उपलब्ध होगी। इसकी सिफारिश पहले दिन में 1,800 मिलीग्राम दो बार और उसके बाद रोजाना 14 दिनों तक 800 मिलीग्राम दो बार की गई।
ग्लेमार्क फार्मास्युटिकल्स के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक ग्लेन सल्दान्हा ने कहा, यह मंजूरी ऐसे समय मिली है, जब भारत में कोरोना वायरस के मामले पहले की तुलना में अधिक तेजी से बढ़ रहे हैं। इससे हमारी स्वास्थ्य सेवा प्रणाली काफी दबाव में है। कोविड-19 के उपचार के लिए भारत में पहली मौखिक फेविपिरविर अनुमोदित दवा है। टैबलेट का उत्पादन कंपनी द्वारा हिमाचल प्रदेश के बद्दी में किया जा रहा है। ग्लेनमार्क ने कहा कि यह दवा अस्पतालों और खुदरा चैनल दोनों माध्यम से उपलब्ध होगी।

Post a Comment

0 Comments

4 मार्च से ऊना-हरिद्वार ट्रेन सेवा शुरू होगी